आवाज़ न्यूज़, खेतासराय/जौनपुर। बदलापुर चकबंदी कार्यालय से जुड़े एक बड़े जालसाजी मामले का खुलासा करते हुए पुलिस ने तत्कालीन पेशकार बलराम मौर्य और सहायक कृष्ण मुरारी को गिरफ्तार कर लिया। दोनों पर फर्जी दस्तावेज तैयार कर लोगों से ठगी करने, हेराफेरी और धोखाधड़ी जैसी गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज था।
एएसपी नगर के निर्देश पर गठित टीम ने दो जिलों से दबोचा
एडिशनल एसपी नगर आयुष श्रीवास्तव के निर्देश पर एक विशेष टीम बनाई गई थी।
खेतासराय पुलिस ने बुधवार को दोनों आरोपियों को जौनपुर और अयोध्या कलेक्ट्रेट गेट से गिरफ्तार करने का दावा किया है।
फर्जी दस्तावेजों से ठगी, कई धाराओं में मुकदमा दर्ज
थानाध्यक्ष प्रदीप सिंह के अनुसार, बदलापुर चकबंदी कार्यालय में तैनाती के दौरान बलराम मौर्य और कृष्ण मुरारी पर आरोप है कि—
वे दस्तावेजों में हेराफेरी करते थे,
फर्जी कागजात तैयार कर लोगों से अवैध वसूली करते थे,
और जालसाज़ी के ज़रिए ठगी का नेटवर्क चलाते थे।
दोनों की तलाश लंबे समय से की जा रही थी।
पूर्व में भी दर्ज है धोखाधड़ी का मामला
सूत्रों के अनुसार, बलराम मौर्य पर पूर्व में भी लाइन बाजार थाने में धोखाधड़ी का मामला दर्ज है। पुलिस इन मामलों की भी जांच आगे बढ़ा रही है।
पुलिस टीम को सफलता
गिरफ्तारी अभियान में शामिल थे—
थानाध्यक्ष प्रदीप सिंह, मानी कला चौकी प्रभारी शैलेंद्र कुमार राय, हेड कांस्टेबल प्रदीप सिंह, जितेंद्र यादव, वृकेश यादव, देवी प्रसाद चौहान सहित अन्य पुलिसकर्मी।
पुलिस ने दोनों आरोपियों को आवश्यक कानूनी कार्रवाई के बाद न्यायालय को प्रेषित कर दिया

