जौनपुर। प्रतिबंधित चाइनीज़ मांझा एक बार फिर जानलेवा साबित हुआ है। जिले में लगातार हो रही घटनाओं के कारण बाइक से आने-जाने वाले लोगों में भय का माहौल बन गया है। जरूरी काम से घर से निकलते समय लोग हर पल आशंकित रहते हैं कि कहीं वे अगला शिकार न बन जाएं।
हाल ही में चाइनीज़ मांझे की चपेट में आकर एक शिक्षक की दर्दनाक मौत हो चुकी है। उस घटना के बाद प्रशासन ने मांझे की बिक्री और उपयोग के खिलाफ कार्रवाई शुरू की थी, लेकिन जमीनी हकीकत यह है कि शहर में इसका अवैध इस्तेमाल अब भी जारी है।
ताजा मामला शहर कोतवाली थाना क्षेत्र के ईईशापुर मोहल्ले का है। यहां के निवासी सोल्जर यादव पुत्र संतोष यादव उस समय गंभीर रूप से घायल हो गए, जब वे बाइक से किसी काम से घर से निकले ही थे। मोहल्ले में फैले चाइनीज़ मांझे की चपेट में आने से उनकी गर्दन कट गई। गनीमत रही कि समय रहते उन्हें उपचार मिल गया, जिससे उनकी जान बच सकी। चिकित्सकों के अनुसार युवक फिलहाल खतरे से बाहर है।
घटना के बाद मोहल्ले सहित आसपास के इलाकों में दहशत का माहौल है। स्थानीय लोगों का कहना है कि प्रशासन की सख्ती के बावजूद चाइनीज़ मांझे का इस्तेमाल खुलेआम हो रहा है, जो किसी भी समय जानलेवा साबित हो सकता है।
सूचना मिलते ही हल्का भंडारी पुलिस चौकी प्रभारी संतोष कुमार यादव साथी जवान शमीम अख्तर सहित मौके पर पहुंचे और क्षेत्र में गश्त की। इस दौरान पुलिस ने चाइनीज़ मांझा बेचने और पतंग उड़ाने वालों के खिलाफ सख्त रुख अपनाया। कुछ बच्चों को पतंग उड़ाते देख उन्हें समझाया गया और उनके परिजनों को कड़ी चेतावनी दी गई। चौकी प्रभारी ने साफ कहा कि यदि दोबारा बच्चे पतंग उड़ाते पाए गए तो परिजनों के खिलाफ भी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
.png)
