लखनऊ/नई दिल्ली। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने केंद्र सरकार की नीतियों पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने कहा कि सरकार की विदेश नीति पूरी तरह विफल हो चुकी है और देश को कमजोर किया जा रहा है।
मंगलवार को नई दिल्ली में एक न्यूज चैनल के कार्यक्रम में बोलते हुए अखिलेश यादव ने कहा कि आज भारत की विदेश नीति बाहरी ताकतों के प्रभाव में दिखाई दे रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार लगातार समझौते कर रही है और देश का बाजार विदेशी कंपनियों को सौंप रही है, जिससे किसानों और घरेलू उद्योगों को नुकसान हो रहा है।
उन्होंने कहा कि यदि देश विश्वगुरु बनने का दावा करता है तो उसे वैश्विक संकटों में सक्रिय भूमिका निभानी चाहिए। उन्होंने सवाल उठाया कि मौजूदा अंतरराष्ट्रीय हालात में सरकार की क्या भूमिका रही है।
अखिलेश यादव ने किसानों की समस्याओं को उठाते हुए कहा कि सरकार उनकी मांगों की अनदेखी कर रही है। उन्होंने कहा कि देश में रसोई गैस की कीमतों और उपलब्धता को लेकर आम जनता परेशान है और एलपीजी सिलेंडर आम आदमी की पहुंच से दूर होता जा रहा है।
उन्होंने उत्तर प्रदेश की कानून व्यवस्था पर भी सवाल उठाते हुए कहा कि प्रदेश में अपराध की घटनाएं बढ़ रही हैं और आम जनता को न्याय नहीं मिल पा रहा है। उन्होंने शंकराचार्य से जुड़े प्रकरण का उल्लेख करते हुए सरकार पर संत समाज के अपमान का आरोप लगाया।
समाजवादी पार्टी अध्यक्ष ने कहा कि भाजपा सरकार विपक्ष को बदनाम करने और झूठे मुकदमों में फंसाने का काम कर रही है। उन्होंने दावा किया कि 2027 के विधानसभा चुनाव में उत्तर प्रदेश से भाजपा का सफाया होगा।
अखिलेश यादव ने सामाजिक न्याय, महिलाओं के आरक्षण और जातीय जनगणना की भी वकालत की। उन्होंने कहा कि समाजवादी पार्टी सभी वर्गों को सम्मान और अधिकार देने के लिए प्रतिबद्ध है।

