जौनपुर।
आजाद समाज पार्टी (कांशीराम) के राष्ट्रीय अध्यक्ष और नगीना से सांसद चंद्रशेखर आज़ाद ने जौनपुर में आयोजित जनसभा के दौरान भाजपा सरकार पर जमकर हमला बोला। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश में कानून व्यवस्था पूरी तरह चरमरा चुकी है। सरकार सत्ता के नशे में है, जबकि आम जनता भय और असुरक्षा के माहौल में जीने को मजबूर है।
सांसद ने कहा कि सड़कों पर खुलेआम गोलियां चल रही हैं, अपराध बेलगाम हैं और पीड़ितों की कहीं सुनवाई नहीं हो रही। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदेश में हालात अघोषित आपातकाल जैसे हो गए हैं और भ्रष्टाचार अपने चरम पर है। उन्होंने दावा किया कि वर्ष 2027 के विधानसभा चुनाव में जनता इसका करारा जवाब देगी।
सभा को संबोधित करते हुए चंद्रशेखर आज़ाद ने स्वामी शंकराचार्य प्रकरण का जिक्र करते हुए कहा कि मामला न्यायालय में विचाराधीन है और वे इसकी निष्पक्ष जांच चाहते हैं। उन्होंने यूजीसी से जुड़े मुद्दों पर भी पार्टी के संघर्ष को दोहराया और कहा कि बच्चों की सुरक्षा उनकी प्राथमिक जिम्मेदारी है, इसके लिए उन्हें देशभर में संघर्ष क्यों न करना पड़े।
रोजगार और युवाओं का मुद्दा
रोजगार को लेकर सरकार पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि पढ़े-लिखे युवा डिग्रियां लेकर भटक रहे हैं, लेकिन सरकार उन्हें रोजगार देने के बजाय भ्रमित कर रही है। उन्होंने कहा कि शिक्षित युवाओं का अपमान पूरे देश का अपमान है।
पुलिस सुधार का वादा
प्रशासनिक व्यवस्था पर बोलते हुए सांसद ने कहा कि उनकी सरकार बनने पर पुलिसकर्मियों का शोषण समाप्त किया जाएगा। पुलिस को अमानवीय ड्यूटी से मुक्ति दिलाई जाएगी और 8 घंटे की निश्चित शिफ्ट लागू की जाएगी।
बीरभानपुर मामला संसद में उठाने का ऐलान
सभा के दौरान बीरभानपुर प्रकरण का उल्लेख करते हुए चंद्रशेखर आज़ाद ने कहा कि इस मुद्दे को वे 9 मार्च को संसद में उठाएंगे। उन्होंने वाराणसी में दल मंडी बाजार तोड़े जाने, जबरन भूमि अधिग्रहण और अहिल्याबाई होलकर की मूर्ति तोड़े जाने जैसे मामलों पर भी सरकार को घेरा।
सभा में बड़ी संख्या में समर्थक मौजूद रहे। नीले झंडों से पटा जनसभा स्थल बहुजन एकता और बदलाव के नारों से गूंजता रहा।

