जौनपुर। आवाज़ न्यूज
टीईटी (शिक्षक पात्रता परीक्षा) को अनिवार्य किए जाने के फैसले के विरोध में जनपद के शिक्षक संगठनों ने आंदोलन तेज करने का ऐलान कर दिया है। टीचर्स फेडरेशन ऑफ इंडिया के आह्वान पर चल रहे चरणबद्ध आंदोलन को अब उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक संघ 1160 का भी खुला समर्थन मिल गया है।
आयोजित संयुक्त बैठक में प्राथमिक शिक्षक संघ 1160 के जिलाध्यक्ष अनिल यादव ने कहा कि मौजूदा हालात में शिक्षकों की एकजुटता ही इस लड़ाई को निर्णायक मोड़ तक पहुंचा सकती है। उन्होंने स्पष्ट किया कि यह आंदोलन किसी संगठन विशेष का नहीं, बल्कि शिक्षक समाज की सेवा-सुरक्षा से जुड़ा सवाल है।
वहीं पूर्व माध्यमिक शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष डॉ. अतुल प्रकाश यादव ने कहा कि टीईटी अनिवार्यता के कारण बड़ी संख्या में शिक्षक असमंजस और असुरक्षा की स्थिति में हैं। ऐसे में सभी शिक्षक संगठनों को मतभेद भुलाकर एक मंच पर आना होगा।
आंदोलन के पहले चरण में सोशल मीडिया पर चलाया गया “Justice For Teachers” अभियान दो घंटे तक विश्व स्तर पर ट्रेंड करता रहा, जिससे शिक्षक आंदोलन को राष्ट्रीय पहचान मिली।
तय कार्यक्रम के अनुसार
23, 24 और 25 फरवरी को शिक्षक काली पट्टी बांधकर कार्य करेंगे।
26 फरवरी को दोपहर 1 बजे से 4 बजे तक बीएसए कार्यालय पर धरना-प्रदर्शन होगा।
धरने के बाद शिक्षक पैदल मार्च करते हुए जिलाधिकारी कार्यालय पहुंचेंगे और प्रधानमंत्री को संबोधित ज्ञापन सौंपेंगे।
बैठक में कई संगठनों के पदाधिकारी मौजूद रहे और आंदोलन को मजबूती से आगे बढ़ाने का संकल्प लिया गया।
.png)
